*खबर दृष्टिकोण – रिजवान अंसारी,*
*कुकरा खीरी* बिजुआ ब्लॉक क्षेत्र में शिक्षा विभाग की लापरवाही के चलते बिना मान्यता और बिना मानक के फर्जी स्कूलों का धंधा जोरों पर है। यहां कक्षा एक से लेकर इंटर तक की कक्षाएं संचालित हो रही हैं। फर्जी अंकतालिकाएं अन्य विद्यालयों से बनवाकर बच्चों को दी जाती हैं।
ग्राम पंचायत फजल नगर ग्रांट में परिषदीय विद्यालय के ठीक पास एक ऐसा ही अवैध विद्यालय चल रहा है, जहां अभिभावक सरकारी स्कूल के भ्रम में बच्चों का दाखिला करा देते हैं। पहले तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्षक महेंद्र प्रताप सिंह ने इस स्कूल को बंद कराया था, मगर उनके स्थानांतरण के बाद यह फिर से चालू हो गया।
ग्रामीण इलाकों में खुले इन स्कूलों में बिना शौचालय, बिना बाउंड्री और बिना सुविधा के पढ़ाई कराई जा रही है। महंगी फीस व किताबों के नाम पर अभिभावकों से मोटी रकम वसूली जाती है। परीक्षा के समय बच्चों को किसी मान्यता प्राप्त स्कूल से टीसी दिला दी जाती है।
वर्जन:
“फजल नगर में फर्जी विद्यालय संचालित हो रहा है जो संज्ञान में है। शीघ्र ही टीम भेजकर अवैध विद्यालय बंद कराया जाएगा।”
— विनोद मिश्रा, जिला विद्यालय निरीक्षक, लखीमपुर खीरी
